प्रिय पाठक गण,
सादर नमन,
आप सभी को मंगल प्रणाम,
आज से दीपावली पर्व का प्रारंभ हो रहा है,
आज धनतेरस व धनवंतरी पूजन दोनों ही है,
धनवंतरी पूजन, यानी आरोग्य के देवता धनवंतरी, देखा जाए तो हमारा स्वास्थ्य भी
एक प्रकार का धन ही है, हमारी अपनी निजी संपदा है, लोकोक्तियां में कहा भी गया है,
पहला सुख निरोगी काया, दूजा सुख हाथ में माया, तीजा सुख प्रभु की छाया।
तो हम इस प्रकार देखते हैं, स्वास्थ्य को हमने सर्वोपरि स्थान दिया है, क्योंकि अगर हमारा स्वास्थ्य उत्तम है, तभी हम हमारे जीवन में
अन्य उपलब्ध चीजों का सही तरीके से उपभोग कर सकते हैं, इसलिए आज का दिन
भगवान धन्वंतरि, जो आयुर्वेद के जनक भी है, उनके पूजन दिवस के रूप में भी मनाया जाता है, इस दिन सभी वैद्य, जो आयुर्वेदिक चिकित्सा करते हैं, वे आज के दिन भगवान धन्वंतरि का पूजन करते हैं, ईश्वर सभी का स्वास्थ्य उत्तम रखे, सभी को पुनः मंगल
दीपावली पर्व धनतेरस व धनवंतरी पूजन की
हार्दिक शभकामनाएं।
हमारा स्वास्थ्य भी एक उत्तम धन व संपदा हैं,
इसे भी हम उसी प्रकार प्रयास पूर्वक सुरक्षित रखें, जैसे हम अन्य धन संपदा की रक्षा करते हैं।
विशेष:- आज का दिन धनतेरस व धनवंतरी पूजन का दिवस है, उत्तम स्वास्थ्य से बड़ा धन
कोई नहीं, जैसे अन्य धन संपदा है, वैसे ही हमारा स्वास्थ्य भी एक संपदा है, लोकोक्तियां में भी पहला सुख निरोगी काया को कहा गया है।
आपका अपना,
सुनील शर्मा,
जय भारत,
जय हिंद।